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राज्यपाल के जन-दरबार से पहले चमकी VIP रूट की सड़कें, वार्ड 6 की गलियों में अब भी गड्ढे और सवाल

 

चंडीगढ़ : 10 सितंबर 2026, वार्ड नंबर 6, मनीमाजरा

राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया के 11 सितंबर को शिवालिक गार्डन के निकट कम्युनिटी सेंटर में प्रस्तावित जन-दरबार को लेकर मनीमाजरा के वार्ड नंबर 6 में सड़क और सफाई व्यवस्था को लेकर स्थानीय निवासियों ने सवाल खड़े किए हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस रूट से राज्यपाल का काफिला गुजरने की संभावना है, वहां पिछले कुछ दिनों से सड़क की मरम्मत, सफाई और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर विभागों की सक्रियता अचानक बढ़ गई है। वहीं, मॉडर्न हाउसिंग कॉम्प्लेक्स और वार्ड की कई अंदरूनी सड़कों पर लंबे समय से सड़कें टूटी हुई हैं और जगह-जगह गड्ढे दिखाई देते हैं।

VIP रूट पर तुरंत कार्रवाई, बाकी सड़कों का क्या?

स्थानीय निवासियों के मुताबिक, जिन सड़कों पर वर्षों से मरम्मत की जरूरत है, वहां स्थायी समाधान के बजाय जगह-जगह पैचिंग और रोड़ी डालकर काम चलाया जाता रहा है। तस्वीरों में भी सड़क की उखड़ी हुई सतह, गड्ढों और जगह-जगह डाली गई रोड़ी साफ दिखाई दे रही है।

निवासियों का सवाल है कि अगर सड़क की मरम्मत और सफाई के लिए संसाधन उपलब्ध हैं, तो आम जनता के रास्तों पर वर्षों से काम क्यों नहीं हुआ?

एक तरफ राज्यपाल के आने वाले मार्ग पर सड़क को बेहतर बनाने के लिए मशीनरी और कर्मचारी दिखाई दे रहे हैं, वहीं दूसरी ओर वार्ड की अंदरूनी सड़कों पर लोग आज भी खराब रास्तों से गुजरने को मजबूर हैं।

“जनता के लिए सड़क कब बनेगी?” — तलविंदर सिंह

वार्ड नंबर 6 के प्रधान एवं समाजसेवी तलविंदर सिंह ने कहा कि प्रशासन को केवल वीआईपी मूवमेंट वाले रास्तों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि पूरे वार्ड की सड़क और सफाई व्यवस्था को समान प्राथमिकता देनी चाहिए।

उन्होंने कहा:

“राज्यपाल महोदय का जन-दरबार जनता की समस्याएं सुनने के लिए है। ऐसे में यह जरूरी है कि उन्हें केवल वह सड़क न दिखाई जाए जिसे उनके आने से पहले चमका दिया गया है, बल्कि वे वार्ड की उन अंदरूनी गलियों की स्थिति भी देखें, जहां लोग वर्षों से टूटी सड़कों की समस्या झेल रहे हैं।”

“अगर तीन दिन में वीआईपी रूट पर मशीनरी, सफाई और सड़क मरम्मत की व्यवस्था की जा सकती है, तो आम नागरिकों की सड़कों के लिए यही तत्परता पूरे साल क्यों नहीं दिखाई जाती?”

तलविंदर सिंह ने मांग की कि वार्ड नंबर 6 की सभी खराब सड़कों का सर्वे करवाकर स्थायी और गुणवत्तापूर्ण निर्माण कराया जाए, न कि केवल अस्थायी पैच लगाकर समस्या को टाला जाए।

वार्डवासियों के सवाल सीधे प्रशासन से

स्थानीय निवासियों ने कई सवाल उठाए हैं—

🔹 कई सड़कों को वर्षों से स्थायी रूप से क्यों नहीं बनाया गया?

🔹 VIP रूट पर अचानक इतनी तेजी से सड़क और सफाई व्यवस्था क्यों सुधर गई?

🔹 आम जनता के रास्तों पर केवल रोड़ी और अस्थायी पैचिंग कब तक?

🔹 रोड टैक्स और नगर निगम से जुड़े कर देने के बावजूद बुनियादी सुविधाओं की कमी क्यों?

🔹 जब शहर में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा दिया जा रहा है, तो बेहतर सड़कें उपलब्ध कराने पर समान जोर क्यों नहीं?

“AI के दौर में सड़कें अभी भी रोड़ी और मिट्टी से?”

वार्डवासियों की नाराजगी का एक बड़ा कारण यह भी है कि देश और शहरों में आधुनिक तकनीक, स्मार्ट सिटी और AI आधारित विकास की बातें हो रही हैं, जबकि जमीनी स्तर पर कई जगह सड़क की मरम्मत के लिए आज भी रोड़ी और मिट्टी डालकर अस्थायी समाधान किया जा रहा है।

निवासियों का कहना है कि बरसात के दौरान ऐसी मरम्मत टिकाऊ नहीं रहती और कुछ समय बाद सड़क फिर उसी स्थिति में पहुंच जाती है।

सफाई व्यवस्था पर भी उठे सवाल

स्थानीय लोगों के अनुसार, जन-दरबार से पहले संबंधित इलाकों में सफाई व्यवस्था को लेकर भी विशेष सक्रियता दिखाई दे रही है। उनका कहना है कि अगर नियमित सफाई व्यवस्था इसी स्तर पर बनी रहे तो पूरे वार्ड को इसका लाभ मिलेगा।

वार्डवासियों की मांग है कि राज्यपाल के दौरे के बाद भी सड़क, सफाई, हॉर्टिकल्चर और अन्य विभागों की यह सक्रियता जारी रहे और इसे केवल एक दिन के कार्यक्रम तक सीमित न रखा जाए।

अब सवाल सिर्फ सड़क का नहीं, प्राथमिकता का है

वार्ड नंबर 6 के निवासियों का कहना है कि उन्हें किसी वीआईपी सुविधा से आपत्ति नहीं है। उनका सवाल सिर्फ इतना है कि जिस तेजी से वीआईपी रूट को तैयार किया जा सकता है, उसी तेजी से आम जनता की वर्षों पुरानी समस्याओं का समाधान क्यों नहीं किया जा सकता?

राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया का जन-दरबार जनता की समस्याएं सुनने के लिए है। ऐसे में वार्डवासियों को उम्मीद है कि उनके सामने केवल चमकता हुआ रास्ता नहीं, बल्कि वार्ड की वास्तविक जमीनी तस्वीर भी पहुंचेगी।

Ravinder Popli

House No. 3592, Sector 35 D, Chandigarh 9988293592/9780863592

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