विष्णु भगवान के छठे अवतार भगवान परशुराम जी का प्रकटोत्सव धर्म की स्थापना एवं अधर्म के विनाश के लिए हुआ”

विष्णु भगवान के छठे अवतार भगवान परशुराम जी का प्रकटोत्सव धर्म की स्थापना एवं अधर्म के विनाश के लिए हुआ”
साध्वी कुलदीप भारती, साध्वी मनु भारती तथा मनप्रीत भारती ने आध्यात्मिक रहस्यों का अनावरण किया
चण्डीगढ़ : भगवान परशुराम जन्मोत्सव के त्रिदिवसीय कार्यक्रम का समापन अक्षय तृतीया के पवित्र पावन दिवस पर बड़े हर्षौल्लास से भगवान परशुराम भवन चंडीगढ़ में हुआ। श्री ब्राह्मण सभा चण्डीगढ़ के अध्यक्ष यशपाल तिवारी ने बताया कि मंदिर के मुख्य पुजारी और देवालय पूजक परिषद के मुख्य कोषाध्यक्ष पंडित देवी प्रसाद पैन्यूली ने वार्षिकोत्सव अवसर पर वैदिक पद्धति से सामूहिक गणेश पूजन और मूर्तियों का विधिवत अभिषेक करवाया। वेद मंत्रों की ध्वनि से पूरा वातावरण गूंज उठा।
भगवान परशुराम जन्मोत्सव समारोह के अंतर्गत श्री ब्राह्मण सभा चण्डीगढ़ की वार्षिक आम बैठक भी की गई जिसकी अध्यक्षता श्री ब्राह्मण सभा के वरिष्ठ संरक्षक एवं मार्गदर्शक डॉ. ए पी सांवरिया ने की। उन्होंने कहा कि सभा के प्रधान यशपाल तिवारी की अध्यक्षता में भवन और सभा के कार्य बड़े उचित ढंग से चल रहे हैं और उनके कार्यकाल में ब्राह्मण सभा ने कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। बैठक में सभा के प्रधान यशपाल तिवारी ने पूरे साल की गतिविधियों और उपलब्धियों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया।
तत्पश्चात दिव्य ज्योति जागृति संस्थान से पधारी साध्वी कुलदीप भारती जी साध्वी मनु भारती जी तथा मनप्रीत भारती जी ने आध्यात्मिक रहस्यों का अनावरण करते हुए बताया कि विष्णु भगवान के छठे अवतार भगवान परशुराम जी का प्रकटोत्सव धर्म की स्थापना एवं अधर्म के विनाश के लिए हुआ। भगवान परशुराम जी की जीवनी पर आधारित कथा और भजन कीर्तन से उपस्थित श्रद्धालु भक्तों को भाव विभोर किया। दिव्य ज्योति जागृति संस्थान के संस्थापक एवं संचालक सर्वश्री आशुतोष महाराज की शिष्या साध्वी जगदीपा भारती ने पधारी साध संगत को बड़े सरल भाव सहित आध्यात्मिक विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत किए।
इस अवसर पर चण्डीगढ़ के माननीय सांसद मनीष तिवारी मुख्य अतिथि के रूप में पधारे। अपने उद्बोधन में सबको बधाई देते हुए उन्होंने कहा कि आज का दिन बहुत ही महत्वपूर्ण है क्योंकि अक्षय तृतीया दिवस को बहुत ही पवित्र और पावन माना जाता है। पुरातन काल से इसी दिन को त्रेता युग का प्रारंभ माना जाता है। शहर की गणमान्य विभूतियों को भी मनीष तिवारी द्वारा स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का मंच संचालन पंकज शास्त्री ने बड़े सुचारू रूप से किया। हिंदू पर्व महासभा के अध्यक्ष बी पी अरोड़ा जी अपनी पूरी समिति के साथ कार्यक्रम में शामिल हुए। श्री ब्राह्मण सभा चण्डीगढ़ के प्रधान यशपाल तिवारी ने सभी उपस्थित श्रद्धालुओं एवं भक्तों का स्वागत अभिनंदन किया। चंडीगढ़ प्रशासन और नगर पालिका तथा स्थानीय पुलिस अधिकारियों का पूर्ण त्रिदिवसीय कार्यक्रम में उल्लेखनीय योगदान एवं सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया गया।



