संगीत संध्या कहो न प्यार है थीम पर सजी गीतों की महफिल

संगीत संध्या कहो न प्यार है थीम पर सजी गीतों की महफिल
चण्डीगढ़ : टैगोर थिएटर के मिनी ऑडिटोरियम में संगीत संध्याका आयोजन कहो न प्यार है थीम पर हुआ। आवाज ए दिल और एआर मेलोडीज एसोसिएशन की ओर से हुए इस संगीतमय कार्यक्रम में ट्राइसिटी और पंजाब के 40 गायकों ने प्रस्तुति दी। गायकों ने बॉलीवुड के रोमांटिक गीतों पर प्रस्तुति दी। म्यूजिक अरेंजर डॉ. अरुण कांत के निर्देशन में हुआ कार्यक्रम पूनम डोगरा और विक्रमजीत संधू की ओर से किया गया।
इस अवसर पर जसप्रीत ने दिल तो है दिल दिल का ऐतबार क्या कीजे, आ गया जो किसी पे प्यार, क्या कीजे… गीत पेश कर समा बांध दिया। पुल्कित शर्मा ने तुम्हारे प्यार में हम… सुनाकर सबका मन मोह लिया। जगदीप ढांडा ने ओ मेरे दिल के चैन, रीता शर्मा और दुर्गेश ने छोड़ दो आंचल, जमाना क्या कहेगा… सुनाकर सबका दिल जीत लिया। आरएन गुप्ता और डॉ. रमण कपूर ने ये रातें ये मौसम, राजकुमार और मोना ने वादा करके साजना गीत सुनाया। सविंदर और चंचलजीत कौर ने कल की हसीं मुलाकात…, पूनम शर्मा और तरसेम राज ने मेरी जान बल्ले बल्ले… सुनाया। अनु और वीरेश ने इक मैं और इक तू… विपुल और पूनम डोगरा ने किसी पे दिल अगर आ जाए तो… सुनाया। बलविंदर लूथरा ने यूं ही तुम मुझसे बात करते हो… गीत सुनाकर सभी मंत्रमुग्ध कर दिया। संजीत और सुनीता धीमान ने चल दरिया में डूब जाएं… गीत से खूब तालियां बटोरीं। अमरजीत और अनीता रतन ने याद किया दिल ने…. दीया और विक्की संधू ने बाजीगर ओ बाजीगर… सुनाया। देविंदर भोला, अविनाश और पुनीता, पीएस गुप्ता सहित अन्य गायकों ने भी एक से बढ़कर एक गीत पेश किए।



