रविन्द्र पोपली : राष्ट्रपति द्वारा सांसद डॉ. विक्रमजीत सिंह साहनी को मानद डॉक्टरेट की उपाधि प्रदान की गई

चण्डीगढ़ : राज्यसभा सांसद पद्मश्री डॉ. विक्रमजीत सिंह साहनी को गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, अमृतसर के स्वर्ण जयंती दीक्षांत समारोह के अवसर पर भारत की माननीय राष्ट्रपति द्वारा मानद डॉक्टरेट की उपाधि से सम्मानित किया गया।
यह मानद डॉक्टरेट डॉ. साहनी को पंजाब में उनके प्रभावशाली सामाजिक योगदान के लिए प्रदान की गई, विशेष रूप से बाढ़ राहत एवं पुनर्वास, नशा मुक्ति तथा उनके द्वारा बड़े पैमाने पर किए जा रहे रोजगार सृजन और कौशल विकास के कार्यों के लिए। हालिया पंजाब बाढ़ के दौरान उनके द्वारा बड़े पैमाने पर राहत बचाओ एवं पुनर्वास का काम किया गया, वे पंजाब में नशा मुक्ति के लिए सतत कार्यरत है, तथा हजारों युवाओं को रोजगारोन्मुख कौशल प्रदान करने हेतु उनके द्वारा विश्वस्तरीय स्किल सेंटरों की स्थापना ने आजीविका बहाली और युवा सशक्तिकरण में उल्लेखनीय योगदान दिया है।
इस अवसर पर पंजाब के राज्यपाल एवं गुरु नानक देव विश्वविद्यालय के कुलाधिपति गुलाब चंद कटारिया ने डॉ. साहनी की समाजसेवा की सराहना करते हुए कहा कि डॉ. विक्रमजीत सिंह साहनी ने यह सिद्ध किया है कि करुणा, दूरदृष्टि और प्रभावी क्रियान्वयन से सार्थक सामाजिक परिवर्तन संभव है। पंजाब बाढ़ के दौरान उनका कार्य, नशा मुक्ति के प्रति उनकी प्रतिबद्धता तथा 5000 से अधिक युवाओं को सम्मानजनक रोजगार हेतु कौशल प्रदान करने का उनका प्रयास स्थायी प्रभाव छोड़ने वाला और सार्वजनिक जीवन के लिए प्रेरणास्रोत है।”
राष्ट्रपति से मानद डॉक्टरेट प्राप्त करने पर आभार व्यक्त करते हुए डॉ. विक्रमजीत सिंह साहनी ने कहा कि वे इस सम्मान से अत्यंत विनम्र और अभिभूत हैं। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उन्हें नशामुक्त पंजाब, रोजगारयुक्त सशक्त युवाओं तथा सुदृढ़ और आत्मनिर्भर समुदायों के निर्माण के लिए और अधिक समर्पण के साथ कार्य करने की प्रेरणा देता है।



