चण्डीगढ़ बिजनेस काउंसिल ने कारोबार को बढ़ावा देने के लिए प्रशासन से सुधारों की मांग की
सीबीसी के प्रतिनिधिमंडल ने वित्त सचिव दीपर्वा लाकड़ा से मुलाकात कर सात प्रमुख सुझाव सौंपे


चण्डीगढ़ : चण्डीगढ़ बिजनेस काउंसिल (सीबीसी) के अध्यक्ष अजय गुप्ता के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने चण्डीगढ़ प्रशासन के वित्त सचिव दीपर्वा लाकड़ा, आईएएस, से उनके कार्यालय में मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने चण्डीगढ़ में कारोबार करने की प्रक्रिया को सरल बनाने, निवेशकों का विश्वास बढ़ाने और व्यापारिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सात प्रमुख सुझाव सौंपे।

प्रतिनिधिमंडल ने व्यापारिक समुदाय के सामने आने वाली प्रमुख समस्याओं को उठाते हुए प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने, नियमों के अनुपालन से जुड़े बोझ को कम करने तथा अधिक पारदर्शी, कुशल और व्यापार-अनुकूल वातावरण तैयार करने की मांग की।

काउंसिल द्वारा दिए गए सुझावों में निर्धारित समय-सीमा के भीतर मंजूरियां देना और सिंगल-विंडो क्लीयरेंस व्यवस्था लागू करना, एस्टेट ऑफिस की प्रक्रियाओं को सरल बनाना, व्यापार से संबंधित शुल्कों को तर्कसंगत बनाना, वाणिज्यिक बाजारों में बुनियादी सुविधाओं में सुधार करना, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को सहयोग देना तथा उनके भुगतान समय पर सुनिश्चित करना शामिल है। इसके अलावा, व्यापारियों की शिकायतों के समाधान के लिए संस्थागत व्यवस्था विकसित करने और जीएसटी एवं आबकारी से संबंधित प्रक्रियाओं को सरल बनाने की भी सिफारिश की गई।
प्रतिनिधिमंडल ने पुराने वैट मामलों के निपटारे के लिए वन-टाइम सेटलमेंट (ओटीएस) योजना लागू करने की संभावना पर भी चर्चा की। काउंसिल ने प्रशासन से आग्रह किया कि लंबे समय से लंबित कर विवादों के समाधान और व्यापारियों को राहत प्रदान करने के लिए लागू नियमों एवं प्रावधानों के अनुरूप एक व्यावहारिक व्यवस्था तलाश की जाए।
काउंसिल ने व्यापारिक समस्याओं के समन्वित समाधान के लिए एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने का भी अनुरोध किया। साथ ही, संबंधित विभागों के साथ बैठक आयोजित कर प्राथमिकता वाले मुद्दों पर चर्चा करने और उनके समाधान के लिए समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने का प्रस्ताव रखा।
वित्त सचिव के सकारात्मक दृष्टिकोण की सराहना करते हुए प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि उन्होंने व्यापारिक समुदाय द्वारा उठाए गए मुद्दों को गंभीरता से सुना और रचनात्मक तरीके से विचार-विमर्श किया। इसे प्रशासन और व्यापारिक समुदाय के बीच सकारात्मक संवाद की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया।
प्रतिनिधिमंडल में सीबीसी के अध्यक्ष अजय गुप्ता, महासचिव संजय पाहवा, निवर्तमान अध्यक्ष चंदर वर्मा, चेयरमैन जगदीश अरोड़ा तथा मुख्य सलाहकार सत पाल गर्ग शामिल थे।
काउंसिल ने जोर देकर कहा कि पारदर्शी, जवाबदेह और निवेशक-अनुकूल प्रशासनिक व्यवस्था से चंडीगढ़ में नए निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा, मौजूदा व्यापारिक प्रतिष्ठानों को मजबूती मिलेगी, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और शहर की आर्थिक प्रतिस्पर्धात्मकता में सुधार होगा।
सीबीसी ने चंडीगढ़ प्रशासन के साथ रचनात्मक सहयोग जारी रखने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। काउंसिल ने कहा कि उसका उद्देश्य व्यापारिक समस्याओं का व्यावहारिक समाधान तलाशना, उद्योग जगत की चिंताओं को दूर करना और शहर के सतत आर्थिक विका
स को बढ़ावा देना है।



