चंडीगढ़ DAV कॉलेज सेक्टर 10 में नशा-मुक्त समाज का संदेश, मेयर सौरभ जोशी ने युवाओं से किया जागरूकता अभियान में सक्रिय भागीदारी का आह्वान
वाडा एवं बाल सारथी क्लब के ओरिएंटेशन कार्यक्रम में विद्यार्थियों को दिलाया सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश

पुनीत महाजन
चंडीगढ़, 27 अक्टूबर 2026 DAV कॉलेज, सेक्टर-10, चंडीगढ़ में 27 अक्टूबर को वाडा (VADA) एवं बाल सारथी क्लब के लिए एक ओरिएंटेशन कार्यक्रम का आ
योजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाना, उन्हें सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति प्रेरित करना तथा विभिन्न जागरूकता अभियानों में उनकी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना था।
कार्क्रम में चंडीगढ़ नगर निगम के मेयर सौरभ जोशी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर कार्यवाहक प्राचार्य डॉ. मीना नारंग नोडल अधिकारी डॉ. करण सिंह विनायक तथा कॉलेज के अन्य प्राध्यापकगण भी मौजूद रहे।


कार्यक्रम का शुभारंभ दीपशिखा एवं वंदना द्वारा अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। इसके बाद मुख्य अतिथि एवं प्राचार्य का सम्मान किया गया। डॉ. करण सिंह विनायक ने स्वागत भाषण देते हुए क्लबों के महत्व, उनके उद्देश्यों तथा विद्यार्थियों में जागरूकता, उत्तरदायित्व और सामाजिक सहभागिता की भावना विकसित करने में उनकी भूमिका पर प्रकाश डाला।

ओरिएंटेशन सत्र के दौरान विद्यार्थियों को वाडा एवं बाल सारथी क्लब के उद्देश्यों, गतिविधियों और विभिन्न पहलों की जानकारी दी गई। इसके बाद समारोह में छात्र पदाधिकारियों को औपचारिक रूप से उनके दायित्व सौंपे गए तथा क्लबों के प्रति उनकी जिम्मेदारियों को रेखांकित किया गया।
सभा को संबोधित करते हुए मेयर सौरभ जोशी ने युवाओं में बढ़ते नशे के खतरे और इसके खिलाफ चलाए जा रहे जागरूकता अभियानों के महत्व पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि नशा-मुक्त समाज का निर्माण केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का सामूहिक दायित्व है। युवाओं की भागीदारी इस दिशा में निर्णायक भूमिका निभा सकती है।
मेयर ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे जागरूकता फैलाकर, स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर और अपने साथियों को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करके नशा-मुक्त भारत के निर्माण में योगदान दें। उन्होंने कहा कि बाल सारथी जैसे युवा-नेतृत्व वाले क्लब सामाजिक परिवर्तन लाने और समाज में सकारात्मक संदेश पहुंचाने का प्रभावी माध्यम हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को सामुदायिक सेवा और जन-जागरूकता कार्यक्रमों में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए भी प्रेरित किया।
डॉ. मीना नारंगने विद्यार्थियों को क्लबों की गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने तथा सामाजिक उत्तरदायित्व और सामुदायिक सेवा के मूल्यों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे जैसी कुप्रवृत्तियों से दूर रहकर अपने सपनों को साकार करने और देश के जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक प्रस्तुति ने सभी का मन मोह लिया और पूरे आयोजन में उत्साह एवं ऊर्जा का संचार किया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।
यह ओरिएंटेशन कार्यक्रम विद्यार्थियों को वाडा एवं बाल सारथी क्लब की कार्यप्रणाली और उद्देश्यों से परिचित कराने के साथ-साथ उन्हें भविष्य में सामाजिक जागरूकता, सामुदायिक सेवा तथा नशा-मुक्त समाज के निर्माण से जुड़ी गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करने में सफल रहा।

